अटरिया। दिनांक 30 अक्टूबर 2026 को उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक, शाखा अटरिया की ओर से वित्तीय समावेशन संतृप्ति अभियान के अंतर्गत जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के प्रत्येक पात्र व्यक्ति को बैंकिंग सेवाओं एवं सरकारी वित्तीय योजनाओं से जोड़ना, वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा देना तथा लोगों को साइबर धोखाधड़ी से बचाव के प्रति जागरूक करना था।
कार्यक्रम के दौरान वित्तीय समावेशन संतृप्ति अभियान के उद्देश्यों पर विशेष रूप से प्रकाश डाला गया। इसके अंतर्गत पात्र लाभार्थियों को प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना एवं प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना में नामांकन कराने, अटल पेंशन योजना से जोड़ने, प्रधानमंत्री जन-धन योजना एवं अन्य बचत खातों की लंबित री-केवाईसी पूर्ण कराने, खातों में आधार सीडिंग कराने तथा लंबित सी-केवाईसी आईडी बनवाने के लिए प्रेरित किया गया। इसके अतिरिक्त पात्र किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड एवं प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना का लाभ दिलाने के लिए आवेदन प्राप्त करने पर भी जोर दिया गया इसके साथ ही
शिविर में आवर्ती जमा (आरडी), सावधि जमा (एफडी) तथा सुकन्या समृद्धि योजना के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई। उपस्थित अधिकारियों ने ग्रामीणों को इन योजनाओं के लाभ, पात्रता एवं आवेदन प्रक्रिया के बारे में समझाया। साथ ही ग्रामीणों को नियमित बचत की आदत विकसित करने तथा बैंकिंग सुविधाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया गया।
शिविर में भारतीय रिज़र्व बैंक, लखनऊ से श्री शुभम पांडेय, सहायक प्रबंधक की गरिमामयी उपस्थिति रही। उनके साथ उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक, शाखा अटरिया के शाखा प्रबंधक श्री प्रेम प्रकाश सिंह एवं बैंक मित्र (बीसी) उपस्थित रहे।
इसके अतिरिक्त क्रिसिल फाउंडेशन की ओर से वित्तीय साक्षरता केंद्र-सिधौली के केंद्र प्रबंधक श्री रोहित कुमार तथा वित्तीय साक्षरता केंद्र-कसमंडा के केंद्र प्रबंधक श्री मनोज कुमार ने भी कार्यक्रम में सहभागिता की।
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को ऑनलाइन बैंकिंग, सुरक्षित डिजिटल लेनदेन, ओटीपी एवं एटीएम पिन की गोपनीयता बनाए रखने तथा अनजान लिंक और फर्जी कॉल से सावधान रहने के बारे में विस्तार से बताया गया। उन्हें जागरूक किया गया कि किसी भी परिस्थिति में अपनी बैंकिंग संबंधी गोपनीय जानकारी किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करें।
अभियान का एक प्रमुख उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के प्रत्येक पात्र परिवार तक बैंकिंग सुविधाओं, बीमा, पेंशन एवं अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ पहुँचाना, वित्तीय सुरक्षा सुनिश्चित करना तथा ग्रामीणों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना रहा।
अंत में उपस्थित ग्रामीणों से अपील की गई कि वे बैंक की विभिन्न योजनाओं से जुड़कर वित्तीय रूप से सशक्त बनें तथा अपने परिवार एवं आसपास के अन्य लोगों को भी वित्तीय साक्षरता के प्रति जागरूक करें।
इस प्रकार शिविर के माध्यम से ग्रामीणों को वित्तीय समावेशन, बैंकिंग सेवाओं, सरकारी योजनाओं एवं सुरक्षित डिजिटल लेनदेन के प्रति जागरूक करने का सराहनीय प्रयास किया गया।