पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्यालय पर ‘स्वच्छता ही सेवा‘-2026 अभियान का आयोजन

गोरखपुर, 17 सितम्बर, 2026: रेलवे बोर्ड के निर्देशानुसार पूर्वोत्तर रेलवे के मुख्यालय, गोरखपुर एवं तीनों मंडलों
पर 17 सितम्बर से 02 अक्टूबर, 2026 तक ‘स्वच्छता ही सेवा‘-2026 अभियान का आयोजन किया जा रहा है। इसी
क्रम में, महाप्रबन्धक, पूर्वोत्तर रेलवे श्री उदय बोरवणकर ने 17 सितम्बर, 2026 को यांत्रिक कारखाना, गोरखपुर में
‘स्वच्छता ही सेवा‘ अभियान की शुरुआत की। इस अवसर पर प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर श्री रवीश कुमार, मुख्य
चल स्टॉक इंजीनियर/फ्रेट, टी.एस. एवं डी.एम. श्री अनिल कुमार, मुख्य यांत्रिक इंजीनियर/ई.एन.एच.एम. श्री
अम्बरीश प्रकाश पाण्डेय, मुख्य कारखाना प्रबन्धक/यांत्रिक कारखाना श्री आनन्द ऋषि श्रीवास्तव सहित वरिष्ठ
अधिकारी, पर्यवेक्षक एवं कर्मचारी उपस्थित थे।
कार्यक्रम के आरम्भ में महाप्रबन्धक श्री उदय बोरवणकर ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को ‘स्वच्छता से
स्वागत‘ बैज लगाकर स्वच्छता के प्रति जागरूक एवं सक्रिय सहभागिता के लिये प्रेरित किया तथा यांत्रिक कारखाना
परिसर के उद्यान में श्रमदान किया। इसके उपरान्त महाप्रबन्धक ने उपस्थित अधिकारियों, कर्मचारियों एवं उनके
परिवारजनों को स्वच्छता की शपथ दिलाई। महाप्रबन्धक श्री बोरवणकर ने स्वच्छता शपथ दिलाते हुये कहा कि
महात्मा गांधी ने जिस भारत का सपना देखा था, उसमें सिर्फ राजनीतिक आज़ादी ही नहीं थी, बल्कि एक स्वच्छ एवं
विकसित देश की कल्पना भी थी। उन्होंने गुलामी की जंजीरों को तोड़कर माँ भारती को आज़ाद कराया। अब हमारा
कर्तव्य है कि गंदगी को दूर करके भारत माता की सेवा करें।
महाप्रबन्धक ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ शपथ ली कि मैं स्वयं स्वच्छता के प्रति सजग रहूँगा
और उसके लिये समय दूंगा। हर वर्ष 100 घंटे यानी हर सप्ताह दो घंटे श्रमदान करके स्वच्छता के इस संकल्प को
चरितार्थ करूँगा। मैं न गंदगी करूँगा न किसी और को करने दूंगा। सबसे पहले मैं स्वयं से, मेरे परिवार से, मेरे मोहल्ले
से, मेरे गाँव से एवं मेरे कार्यस्थल से शुरुआत करूँगा। मैं यह मानता हूँ कि दुनिया के जो भी देश स्वच्छ दिखते हैं
उसका कारण यह है कि वहाँ के नागरिक गंदगी नहीं करते और न ही होने देते हैं। इस विचार के साथ मैं गाँव-गाँव
और गली-गली स्वच्छ भारत मिशन का प्रचार करूँगा। मैं आज जो शपथ ले रहा हूँ, वह अन्य 100 व्यक्तियों से भी
करवाऊँगा। वे भी मेरी तरह स्वच्छता के लिये 100 घंटे दें, इसके लिये प्रयास करूँगा। मुझे मालूम है कि स्वच्छता की
तरफ बढ़ाया गया मेरा एक कदम पूरे भारत देश को स्वच्छ बनाने में मदद करेगा।‘‘
इसके पश्चात महाप्रबन्धक ने महिला कर्मचारियों को ई.एन.एच.एम. विंग द्वारा निष्प्रयोज्य लिनेन से तैयार किये गये
कपड़े के थैले वितरित किये। साथ ही, रेल कर्मचारियों के बच्चों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से
स्वच्छता संदेश छपे बुक एवं कॉपी कवर वितरित किये।
इसी क्रम में, प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर श्री रवीश कुमार ने गोरखपुर जं. स्टेशन पर ‘स्वच्छता ही सेवा‘ अभियान
की शुरुआत की। श्री रवीश कुमार ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को स्वच्छता की शपथ दिलाई तथा रेल
कर्मचारियों एवं सफाई मित्रों को ‘स्वच्छता से स्वागत‘ बैज लगाकर स्टेशन एवं ट्रेनों में यात्रा करने वाले यात्रियों को
स्वच्छता के प्रति जागरूक करने एवं अभियान में सक्रिय सहभागिता के लिये प्रेरित किया। इसके पश्चात प्रमुख मुख्य
यांत्रिक इंजीनियर ने महिला कर्मचारियों को ई.एन.एच.एम. विंग द्वारा निष्प्रयोज्य लिनेन से निर्मित कपड़े के थैले
वितरित किये। साथ ही, स्काउट एवं गाइड के बच्चों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से स्वच्छता संदेश
छपे बुक एवं कॉपी कवर वितरित किये। कार्यक्रम के अंत में प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर ने स्वच्छता जागरूकता
रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। ‘स्वच्छता ही सेवा‘ अभियान के माध्यम से पूर्वोत्तर रेलवे द्वारा स्वच्छता के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने, सामूहिक सहभागिता को प्रोत्साहित करने तथा स्वच्छ एवं स्वस्थ रेल परिसर के निर्माण के लिये विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जायेगा।

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